क्या हूँ मैं
कलाई से कांधों तक आभूषित
एक नारी का प्रतिमान
मोअन-जो-दाड़ो में दबा
मेरा अनकथ संसार
क्या हूँ मैं ?
पन्नों में सिमटा
मात्र एक युगीन वृत्तान्त ?

खोया सारा समर्पित अतीत
लक्ष्मण-रेखा के पार
अग्नि भी जला ना पायी
एक संशय का तार
क्या हूँ मैं ?
युग-युग से पोषित मानस में
मर्यादा का प्रचार ?

इच्छा-प्राप्ति से संलग्न
आशीष में बसा श्राप
सप्त वचन के उपहास से
बिंधा आत्म-सम्मान
क्या हूँ मैं ?
धर्म-युद्ध पर आरोपित
मुर्ख अहंकार का प्रतिकार ?

देवी से दासी तक झूलता
एक अनसुलझा विचार
सदी दर सदी स्थापित
मानवता का संस्कार
क्या हूँ मैं ?
बाज़ार के अनुरूप बदलता
मात्र एक उत्पाद ?
- शिखा गुप्ता
Shikha Gupta
Email : [email protected]

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शिखा गुप्ता
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'काव्यालय के आँकड़े - जून 2018 से जून 2019'


यूँ तो काव्यालय 22 वर्षों का जवान है किन्तु पिछले वर्ष ही हमने काव्यालय की पहली वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत की थी। काव्यालय हमारा व्यक्तिगत गैर-लाभकारी उद्यम है, किन्तु काव्यालय सिर्फ़ हमारा नहीं है। आपका भी है। आप ही से है। तो इस रिपोर्ट के द्वारा आपके संग काव्यालय के परदे के पीछे की कुछ झलकियाँ साझा करना हमारा हर्ष भी है और कर्तव्य भी।

काव्यालय में जून 2018 से जून 2019 के बीच कविता ने अपने कवियों, पाठकों, सहयोगीयों के संग कैसे जिया? रचनाओं का स्रोत क्या रहा, कितने लोग काव्यालय पढ़ते हैं, आपसे प्राप्त सहयोग और काव्यालय का इस साल का खर्च – यह सब साझा करने के पहले एक सवाल जो अक्सर हमें पूछा जाता है, “काव्यालय पर रचना प्रकाशन की क्या प्रक्रिया है?” उसका उत्तर दे दें, और 8 वर्षों से चला आ रहा एक प्यारा ग्रुप, काव्यालय कुटुम्ब, के विषय में बता दें। ..

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शुक्रवार 23 अगस्त को

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