स्थगित सपना

हिन्दी अनुवाद


स्थगित सपने का क्या होता है?

क्या वह सूख जाता है
किशमिश जैसे धूप में?
या पकता है घाव सा
फिर रिसता है?
बासता है, जैसे सड़ता गोश्त?
या पपड़ी जम जाती है
चीनी अलग हो जाती है
जैसे चाशनी पर?

शायद वह बस लच जाता है
जैसे भारी बोझ।

या कि होता है विस्फोट?


अंग्रेज़ी मूल


What happens to a dream deferred?

Does it dry up
like a raisin in the sun?
Or fester like a sore—
And then run?
Does it stink like rotten meat?
Or crust and sugar over—
like a syrupy sweet?

Maybe it just sags
like a heavy load.

Or does it explode?


- लैंग्स्टन ह्यूज़
- अनुवाद: वाणी मुरारका

21st Aug 2020 को प्रकाशित

***
इस महीने :
'शीत का आतंक'
लक्ष्मी नारायण गुप्त


कटकटाती शीत में
सूर्य के सामने ही
आज फिर से
कल की तरह
पारदर्शी हिम पर्त
मेरे हृदय पर पड़ गई
और मेरे ज्ञान का सूर्य
देखने भर को विवश था।
..

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इस महीने :
'आशा कम विश्वास बहुत है'
बलबीर सिंग 'रंग'


जाने क्यों तुमसे मिलने की
आशा कम, विश्वास बहुत है।

सहसा भूली याद तुम्हारी
उर में आग लगा जाती है
विरह-ताप भी मधुर मिलन के
सोये मेघ जगा जाती है,
मुझको आग और पानी में
रहने का अभ्यास बहुत है
जाने क्यों तुमसे मिलने की
आशा कम, विश्वास बहुत है।
..

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मैं अँधेरों से निकल कर,
ढूँढ लाऊँगा उजाले।
मृत्यु पर भी हो विजयिनी,
ज्योति यह अमरत्व पा ले।
तुम खड़ी हो राह में,
विश्वास के दीपक जलाये।
ये भटकते गीत मेरे,
लो तुम्हारे पास आये।

~ विनोद तिवारी
(कविता "लो तुम्हारे पास आए" से)
दीपावली की शुभ कामनाएँ। मन में विश्वास के दीप जलते रहें।
इस महीने :

'एक ईमेल की कहानी'
वाणी मुरारका


एक समय की बात है, एक संवेदनशील, स्नेहिल पुरुष ने एक प्यारी, बुद्धु, डरी हुई लड़की को एक ईमेल भेजा।

वह लड़की किसी बात से विचलित थी, और ऐसी मन:स्थिति में उसने कह डाला, “अगर ऐसा हुआ, मेरे मन में अपने प्रति सम्मान नहीं बचेगा।“

वह लड़की विचलित होने में व्यस्त थी, तो उसके बीच में उस पुरुष ने कुछ नहीं कहा। अगले दिन उन्होंने एक ईमेल भेजा।
..

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